Journal: Int. J Adv. Std. & Growth Eval.

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INTERNATIONAL JOURNAL OF
ADVANCE STUDIES AND GROWTH EVALUATION

Impact factor (QJIF): 8.4  E-ISSN: 2583-6528


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INTERNATIONAL JOURNAL OF ADVANCE STUDIES AND GROWTH EVALUATION


VOL.: 3 ISSUE.: 10(October 2024)

‘कल्याण के लिए शिक्षा’ पाठ्यपुस्तक का समीक्षात्मक अध्ययन


Author(s): ज्योति पाण्डेय


Abstract:

21वीं सदी की जीवन शैली ने न केवल मानवीय अपेक्षाओ में वृद्धि की है बल्कि मानव जीवन के प्रत्येक पहलू को प्रभावित किया है जिसके परिणामस्वरुप शिक्षा के क्षेत्र में नई अवधारणाओं का विकास हो रहा है।वर्तमान समय में शिक्षा के क्षेत्र में ‘कल्याण’ की अवधारणा आधुनिक जीवन शैली का ही परिणाम है। आधुनिक जीवन तकनीक के प्रयोग से इतना तनाव ग्रस्त, एकाकी हो गया है कि पश्चिमी देशों के साथ-साथ भारतीय जीवन शैली भी तीव्रता से प्रभावित हो रही है जिसके समाधान के रूप में ‘कल्याण’ एक ज्वलंत विषय बनकर सामने आया है।आधुनिक समय में कल्याण की इतनी अधिक आवश्यकता है कि यह एक विषय के रूप में शिक्षा शास्त्र के विभिन्न पाठ्यक्रमों में भी शामिल कर लिया गया है। प्रस्तुत पुस्तक ‘कल्याण के लिए शिक्षा’ शीर्ष कसे प्रकाशित है जो लखनऊ विश्वविद्यालय के बी.एड. पाठ्यक्रम में शामिल विषय ‘कल्याण के लिए शिक्षा’ की विषय वस्तु पर आधारित है चूंकि यह बी०एड० कोर्स में शामिल एक नवीन विषय है इसलिए शोधार्थी द्वारा इस शोध पत्र में डॉ. नितिन बाजपेयी एवं डॉ सुधीर कुमार सिंह द्वारा संपादित, व ब्लू रोज पब्लिकेशन द्वारा २०२५ में प्रकाशित हिंदी पुस्तक में सम्मिलित विषय वस्तु का समीक्षात्मक अध्ययन किया गया है। पुस्तक का समीक्षात्मक अध्ययन करने के उपरान्त शोधार्थी ने पाया कि पुस्तक के विभिन्न अध्याय में शामिल की गई अधिगम सामग्री तथ्यात्मक, रोचक व ज्ञानवर्धक है परंतु कुछ जगह अवश्य सुधार कर इसकी गुणवत्ता को और अधिक संवर्धित किया जा सकता है। शोध परिणाम तथा सुझावों को दृष्टिगत रखते हुए यह कहा जा सकता है कि यह पुस्तक आधुनिक जीवन की समस्याओं के लिए बेहतर समाधान प्रस्तुत करती है।

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Pages: 51-57     |    3 View     |    0 Download

How to Cite this Article:

ज्योति पाण्डेय. ‘कल्याण के लिए शिक्षा’ पाठ्यपुस्तक का समीक्षात्मक अध्ययन. Int. J Adv. Std. & Growth Eval. 2024; 3(10):51-57,